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Dragon Fruit: गुजरात सरकार ने ड्रैगन फ्रूट का नाम बदलकर किया ‘कमलम’, कहा – इसमें कुछ भी राजनीतिक नहीं

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Wed, 20 Jan 2021 11:51 AM IST

गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रुपाणी (फाइल फोटो)
– फोटो : ANI

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गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने ड्रैगन फ्रूट का नाम बदलकर कमलम करने का फैसला लिया है। मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कहा कि राज्य सरकार ने ड्रैगन फ्रूट का नाम बदलने का फैसला किया है। इसके बाद फल का नाम कमलम रखा जाएगा। ऐसा इसलिए क्योंकि ये फल बाहर से कमल जैसा दिखता है।

इसके अलावा विजय रूपाणी ने कहा कि ड्रैगन शब्द सुनने में अच्छा नहीं लगता और लोग इसे चीन से जोड़ते हैं। इसलिए इसका नाम बदलने का फैसला किया गया है। संस्कृत में कमलम का अर्थ है कमल। बता दें कि हाल ही में ड्रैगन फ्रूट काफी तेजी से लोकप्रिय हुआ है। 

मुख्यमंत्री बागवानी विकास मिशन के शुभारंभ के दौरान मंगलवार को मीडिया के साथ बातचीत करते हुए रूपाणी ने कहा कि हमने ड्रैगन फ्रूट के पेटेंट को कमलम कहे जाने के लिए आवेदन किया है लेकिन गुजरात सरकार ने फैसला किया है कि अब से हम इस फल को कमलम कहेंगे।

मुख्यमंत्री रूपाणी ने कहा कि भले ही यह फल ड्रैगन फ्रूट के नाम से जाना जाता हो लेकिन ये सुनने में उचित नहीं लगता। कमलम एक संस्कृत शब्द है और फल का आकार कमल जैसा है, इसलिए इसका नाम कमलम रखा गया है। हालांकि इसमें कुछ भी राजनीतिक नहीं है।

रूपाणी ने कहा कि कमलम शब्द से किसी को भी चिंतित नहीं होना चाहिए। बता दें कि कमल भारतीय जनता पार्टी का प्रतीक है और गांधीनगर में राज्य भाजपा राज्य मुख्यालय का नाम भी श्री कमलम है।

गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने ड्रैगन फ्रूट का नाम बदलकर कमलम करने का फैसला लिया है। मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कहा कि राज्य सरकार ने ड्रैगन फ्रूट का नाम बदलने का फैसला किया है। इसके बाद फल का नाम कमलम रखा जाएगा। ऐसा इसलिए क्योंकि ये फल बाहर से कमल जैसा दिखता है।

इसके अलावा विजय रूपाणी ने कहा कि ड्रैगन शब्द सुनने में अच्छा नहीं लगता और लोग इसे चीन से जोड़ते हैं। इसलिए इसका नाम बदलने का फैसला किया गया है। संस्कृत में कमलम का अर्थ है कमल। बता दें कि हाल ही में ड्रैगन फ्रूट काफी तेजी से लोकप्रिय हुआ है। 

मुख्यमंत्री बागवानी विकास मिशन के शुभारंभ के दौरान मंगलवार को मीडिया के साथ बातचीत करते हुए रूपाणी ने कहा कि हमने ड्रैगन फ्रूट के पेटेंट को कमलम कहे जाने के लिए आवेदन किया है लेकिन गुजरात सरकार ने फैसला किया है कि अब से हम इस फल को कमलम कहेंगे।

मुख्यमंत्री रूपाणी ने कहा कि भले ही यह फल ड्रैगन फ्रूट के नाम से जाना जाता हो लेकिन ये सुनने में उचित नहीं लगता। कमलम एक संस्कृत शब्द है और फल का आकार कमल जैसा है, इसलिए इसका नाम कमलम रखा गया है। हालांकि इसमें कुछ भी राजनीतिक नहीं है।

रूपाणी ने कहा कि कमलम शब्द से किसी को भी चिंतित नहीं होना चाहिए। बता दें कि कमल भारतीय जनता पार्टी का प्रतीक है और गांधीनगर में राज्य भाजपा राज्य मुख्यालय का नाम भी श्री कमलम है।

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