Breaking News

बुजुर्ग किसान नेता शुरू करेंगे परेड, फिर किसान यूनियन और वॉलेंटियर संभालेंगे कमान

डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Tue, 26 Jan 2021 12:44 AM IST

किसान ट्रैक्टर परेड
– फोटो : amar ujala

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹299 Limited Period Offer. HURRY UP!

ख़बर सुनें

मोदी सरकार के नए कृषि कानून के खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर बैठे किसानों को 26 जनवरी पर ट्रैक्टर परेड की मंजूरी मिल गई हैं। सिंघु बॉर्डर पर 62 किलोमीटर, टिकरी बॉर्डर पर 63 किलोमीटर और गाजीपुर बॉर्डर पर 46 किलोमीटर ट्रैक्टर परेड पूरी सुरक्षा के साथ निकाली जाएगी।

किसान संगठनों ने तय किया है कोई भी ट्रैक्टर किसी दूसरे ट्रैक्टर को ओवरटेक नहीं करेगा। ऐसा करने की स्थिति में ट्रैक्टर को परेड से बाहर कर दिया जाएगा। इस दौरान लोगों को सड़कों पर आवाजाही में दिक्कत न हो इसके लिए हर 100 मीटर की दूरी पर वॉलेंटियर तैनात किए जाएंगे। जो सुबह से ही मोर्चा संभाल लेंगे। हर बार्डर से निकलने वाली इस परेड के लिए किसानों ने रोडमैप भी तैयार कर लिया है।

किसान नेता हन्नान मौला ने अमर उजाला को बताया कि, परेड़ की शुरुआत सभी स्थानों से एक साथ होगी। सभी स्थानों से किसान यूनियनों के नेता पहले परेड की अगुवाई करेंगे। इसके पीछे पूरा किसानों का जत्था क्रमबद्ध तरीके से चलेगा। ये परेड दोपहर से शुरू होकर देर रात तक चलेगी। हर जगह की परेड की जिम्मेदारी अलग-अलग किसान नेताओं को सौंपी गई हैं।

बुजुर्ग किसान नेता अपने वाहन या ट्रैक्टर मे रहकर अगुवाई करेंगे। कुछ समय बाद बुजुर्गों किसानों के बजाए युवा किसान और वॉलेंटियर इसकी जिम्मेदारी संभालेंगे। सभी अनुशासन और हमारी गाइडलाइन का पालन करेंगे। कोई भी ट्रैक्टर और गाड़ी किसी भी वाहन को ओवरटेक नहीं करेगा।

किसान यूनियन के नेताओं ने ट्रैक्टर परेड में शामिल होने वाले लोगों से 24 घंटे के लिए राशन उपलब्ध रखने के साथ ही परेड के दौरान शांति रखने की अपील की है। सभी किसानों से कहा गया है कोई भी भड़काऊ संदेश वाले बैनर या नारे का प्रयोग नहीं करेगा। कोई भी हथियार या शराब लेकर नहीं चलेगा।

गौरतलब है कि, किसान एक फरवरी को पैदल संसद भवन तक मार्च करेंगे। बजट सत्र का पहला चरण 29 जनवरी से 15 जनवरी तक चलेगा। एक  फरवरी को केंद्र सरकार अपना बजट पेश करेगी।   

मोदी सरकार के नए कृषि कानून के खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर बैठे किसानों को 26 जनवरी पर ट्रैक्टर परेड की मंजूरी मिल गई हैं। सिंघु बॉर्डर पर 62 किलोमीटर, टिकरी बॉर्डर पर 63 किलोमीटर और गाजीपुर बॉर्डर पर 46 किलोमीटर ट्रैक्टर परेड पूरी सुरक्षा के साथ निकाली जाएगी।

किसान संगठनों ने तय किया है कोई भी ट्रैक्टर किसी दूसरे ट्रैक्टर को ओवरटेक नहीं करेगा। ऐसा करने की स्थिति में ट्रैक्टर को परेड से बाहर कर दिया जाएगा। इस दौरान लोगों को सड़कों पर आवाजाही में दिक्कत न हो इसके लिए हर 100 मीटर की दूरी पर वॉलेंटियर तैनात किए जाएंगे। जो सुबह से ही मोर्चा संभाल लेंगे। हर बार्डर से निकलने वाली इस परेड के लिए किसानों ने रोडमैप भी तैयार कर लिया है।

किसान नेता हन्नान मौला ने अमर उजाला को बताया कि, परेड़ की शुरुआत सभी स्थानों से एक साथ होगी। सभी स्थानों से किसान यूनियनों के नेता पहले परेड की अगुवाई करेंगे। इसके पीछे पूरा किसानों का जत्था क्रमबद्ध तरीके से चलेगा। ये परेड दोपहर से शुरू होकर देर रात तक चलेगी। हर जगह की परेड की जिम्मेदारी अलग-अलग किसान नेताओं को सौंपी गई हैं।

बुजुर्ग किसान नेता अपने वाहन या ट्रैक्टर मे रहकर अगुवाई करेंगे। कुछ समय बाद बुजुर्गों किसानों के बजाए युवा किसान और वॉलेंटियर इसकी जिम्मेदारी संभालेंगे। सभी अनुशासन और हमारी गाइडलाइन का पालन करेंगे। कोई भी ट्रैक्टर और गाड़ी किसी भी वाहन को ओवरटेक नहीं करेगा।

किसान यूनियन के नेताओं ने ट्रैक्टर परेड में शामिल होने वाले लोगों से 24 घंटे के लिए राशन उपलब्ध रखने के साथ ही परेड के दौरान शांति रखने की अपील की है। सभी किसानों से कहा गया है कोई भी भड़काऊ संदेश वाले बैनर या नारे का प्रयोग नहीं करेगा। कोई भी हथियार या शराब लेकर नहीं चलेगा।

गौरतलब है कि, किसान एक फरवरी को पैदल संसद भवन तक मार्च करेंगे। बजट सत्र का पहला चरण 29 जनवरी से 15 जनवरी तक चलेगा। एक  फरवरी को केंद्र सरकार अपना बजट पेश करेगी।   

Source link

arvind007

News Media24 is a Professional News Platform. Here we will provide you National, International, Entertainment News, Gadgets updates, etc. 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
%d bloggers like this: