Breaking News

केंद्रीय कैबिनेट ने दी आकाश मिसाइल के निर्यात को मंजूरी, नौ देशों ने दिखाई रुचि

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Wed, 30 Dec 2020 05:47 PM IST

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹299 Limited Period Offer. HURRY UP!

ख़बर सुनें

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को देश के रक्षा क्षेत्र के लिए बड़ा फैसला लेते हुए आकाश मिसाइल प्रणाली के निर्यात को अनुमति दे दी। सरकारी सूत्रों के अनुसार नौ मित्र देशों ने डीआरडीओ की ओर से विकसित आकाश मिसाइल का अधिग्रहण करने में रुचि दिखाई है। 

सूत्रों के अनुसार ये देश दक्षिण-पूर्व एशिया और अफ्रीका के हैं। सूत्रों ने कहा कि कैबिनेट की ओर से अनुमति मिलने के बाद रक्षा मंत्रालय के तहत आने वाली एक सार्वजनिक क्षेत्र की इकाई इन देशों को इस हथियार प्रणाली का निर्यात करने के अवसरों को तलाशेगी।
 

कैबिनेट की अनुमति मिलने के साथ ही निर्यात को तेजी से सुगम बनाने के लिए एक समिति गठित करने का भी निर्णय किया गया। रक्षा मंत्रालय की विज्ञप्ति के अनुसार, आत्मनिर्भर भारत के तहत देश रक्षा उपकरणों और मिसाइलों के व्यापक प्रारूपों के निर्माण की क्षमता बढ़ा रहा है।

बता दें कि निर्यात की जाने वाली मिसाइलें भारतीय बलों के पास मौजूद मिसाइलों से अलग होंगी। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ट्वीट किया, ‘आकाश मिसाइल का निर्यात किया जाने वाला संस्करण वर्तमान में भारतीय सुरक्षा बलों के पास मौजूद मिसाइल से अलग होगा।’

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ट्वीट किया, ‘आकाश देश की महत्वपूर्ण मिसाइल है और यह 96 प्रतिशत स्वदेशी प्रकृति की है। आकाश सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल है और इसकी क्षमता 25 किलोमीटर है।’ उन्होंने कहा कि आकाश का निर्यात प्रारूप वर्तमान में भारतीय सशस्त्र सेनाओं के साथ तैनात प्रणाली से अलग होगा।

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को देश के रक्षा क्षेत्र के लिए बड़ा फैसला लेते हुए आकाश मिसाइल प्रणाली के निर्यात को अनुमति दे दी। सरकारी सूत्रों के अनुसार नौ मित्र देशों ने डीआरडीओ की ओर से विकसित आकाश मिसाइल का अधिग्रहण करने में रुचि दिखाई है। 

सूत्रों के अनुसार ये देश दक्षिण-पूर्व एशिया और अफ्रीका के हैं। सूत्रों ने कहा कि कैबिनेट की ओर से अनुमति मिलने के बाद रक्षा मंत्रालय के तहत आने वाली एक सार्वजनिक क्षेत्र की इकाई इन देशों को इस हथियार प्रणाली का निर्यात करने के अवसरों को तलाशेगी।

 

कैबिनेट की अनुमति मिलने के साथ ही निर्यात को तेजी से सुगम बनाने के लिए एक समिति गठित करने का भी निर्णय किया गया। रक्षा मंत्रालय की विज्ञप्ति के अनुसार, आत्मनिर्भर भारत के तहत देश रक्षा उपकरणों और मिसाइलों के व्यापक प्रारूपों के निर्माण की क्षमता बढ़ा रहा है।

बता दें कि निर्यात की जाने वाली मिसाइलें भारतीय बलों के पास मौजूद मिसाइलों से अलग होंगी। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ट्वीट किया, ‘आकाश मिसाइल का निर्यात किया जाने वाला संस्करण वर्तमान में भारतीय सुरक्षा बलों के पास मौजूद मिसाइल से अलग होगा।’

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ट्वीट किया, ‘आकाश देश की महत्वपूर्ण मिसाइल है और यह 96 प्रतिशत स्वदेशी प्रकृति की है। आकाश सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल है और इसकी क्षमता 25 किलोमीटर है।’ उन्होंने कहा कि आकाश का निर्यात प्रारूप वर्तमान में भारतीय सशस्त्र सेनाओं के साथ तैनात प्रणाली से अलग होगा।




Source link

arvind007

News Media24 is a Professional News Platform. Here we will provide you National, International, Entertainment News, Gadgets updates, etc. 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
%d bloggers like this: